गांव-गांव में बिकने वाली अवैध एवं मिलावटी शराब बिक्री पर कड़ी कार्रवाई करने कमिश्नर ने दिए सख्त निर्देश
संभाग में अवैध और मिलावटी शराब के खिलाफ अब सख्ती बढ़ने वाली है। कमिश्नर शीलेंद्र सिंह ने आबकारी एवं जिला पंजीयन विभाग की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि गांव-गांव में हो रही अवैध शराब बिक्री पर कड़ी कार्रवाई की जाए और सीमावर्ती इलाकों में निगरानी तेज की जाए।
गांव-गांव में बिकने वाली अवैध एवं मिलावटी शराब बिक्री पर कड़ी कार्रवाई करने कमिश्नर ने दिए सख्त निर्देश
रीवा(मध्यप्रदेश)। सभी आबकारी अधिकारी गांव-गांव में बिकने वाली अवैध एवं मिलावटी शराब बिक्री पर कड़ी कार्रवाई करना सुनिश्चित करें। विशेष तौर पर मैहर जिले में गांव-गांव में अवैध शराब बिक्री की शिकायत प्राथमिकता से आ रही है। मैहर के आबकारी अधिकारी प्राप्त शिकायतों को संज्ञान में लेते हुए अवैध शराब बिक्री पर प्रभावशील कार्रवाई करना सुनिश्चित करें। उक्त निर्देश रीवा संभाग कमिश्नर शीलेंद्र सिंह ने मंगलवार को आबकारी विभाग एवं जिला पंजीयन विभाग की संभागीय समीक्षा बैठक में दिए। कमिश्नर ने बैठक में आबकारी विभाग एवं जिला पंजीयन विभाग के कार्यों की समीक्षा की। कमिश्नर ने कहा कि हर जिले से अवैध शराब बिक्री की शिकायतें आ रही हैं, उक्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए समय रहते प्रभावशील कार्रवाई करना सुनिश्चित की जाए। कमिश्नर ने कहा कि अब शराब बिक्री करने वाले बड़े दलालों पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने विशेष तौर पर सीमावर्ती प्रदेश से लगे 5 से 6 किलोमीटर दूर के ग्रामों में होने वाले अवैध शराब परिवहन पर कड़ी निगरानी एवं सतर्कता रखने के निर्देश दिए और कहा कि अवैध शराब परिवहन यदि हो रहा है तो आबकारी अधिकारी पुलिस अधिकारियों के साथ संयुक्त रूप से अवैध शराब जप्त करने की कार्रवाई सुनिश्चित करें।
कमिश्नर ने सभी आबकारी निरीक्षकों को भी अपनी कार्य शैली में तेजी लाने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी आबकारी निरीक्षक अपने-अपने क्षेत्र की कंपोजिट मदिरा दुकानों का शत-प्रतिशत निरीक्षण करें एवं सभी मदिरा दुकानों से शत प्रतिशत सैंपलिंग भी लें। कमिश्नर ने निर्देश दिए की अब समय आ गया है कि आबकारी अधिकारी छुटपुट कार्रवाई करने की बजाय बड़े अवैध शराब बिक्री कर्ताओं के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करें। कमिश्नर ने इस बात पर असंतोष व्यक्त किया कि रीवा संभाग के सभी जिलों का जितना क्षेत्रफल एवं आबादी है उसके हिसाब से कारवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने गत माह अवैध शराब बिक्री के विरुद्ध रीवा में 115, मऊगंज में 42, सतना में 54, मैहर में 38, सीधी में 73, सिंगरौली में 48 जो पंजीकृत न्यायालयीन प्रकरण बनाए गए हैं उसकी संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। कमिश्नर ने निर्देश दिए कि आबकारी निरीक्षक फील्ड में सतत निरीक्षण कर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें। कमिश्नर ने कहा कि 15 दिन बाद वे पुनः की गई कार्रवाइयों की समीक्षा करेंगे। उन्होंने सभी आबकारी अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह इस दौरान की गई कार्रवाईयों में अपेक्षित प्रगति लाएं।
बैठक में कमिश्नर ने सैंपलिंग की कम संख्या पर सख्त नाराज़गी जताई और सैंपलिंग की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। कमिश्नर ने उड़नदस्ता दल को और अधिक सक्रिय करने के निर्देश देते हुए कहा कि उड़नदस्ता दल प्रति माह मदिरा दुकानों का निरीक्षण अनिवार्य रूप से करे। कमिश्नर ने सीमावर्ती प्रदेश से होने वाली अवैध मदिरा परिवहन पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए और सभी अधिकारियों से कहा कि वह नियमित रूप से की जा रही कार्रवाई की समीक्षा करेंगे और देखेंगे की कार्रवाई कम क्यों हो रही है। कमिश्नर ने सभी आबकारी अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह प्रतिदिन की जा रही कार्रवाई की समीक्षा करें और अपने अधीनस्थ आबकारी निरीक्षकों को बेहतर ढंग से कार्य करने के लिए निर्देश जारी करें।
बैठक में बताया गया कि अगस्त माह तक कोई भी लाइसेंसी दुकान डिफाल्टर नहीं है। जिलों में स्थित कंपोजिट मदिरा दुकानों के फुटकर लाइसेंसी सात दिवस में इस माह की शेष बकाया राशि जमा कर देंगे। कमिश्नर ने निर्देश दिए कि किसी भी स्थिति में राजस्व की चोरी न होने पाए, सख्ती से राजस्व हानि को रोका जाए और अतिरिक्त रूप से राजस्व जनरेट करने का कार्य किया जाए। कमिश्नर ने कहा कि किसी भी स्थिति में टैक्स चोरी भी न हो। कहीं भी यदि अवैध एवं मिलावट युक्त मदिरा बिक रही है तो प्रभावशील कार्रवाई करना सुनिश्चित किया जाए।
कमिश्नर ने जिला पंजीयन विभाग की समीक्षा करते हुए सभी जिला पंजीयन अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह शासन द्वारा दिए गए लक्ष्य के अतिरिक्त और अधिक राजस्व बढ़ाने के लिए सभी हर संभव उपाय सुनिश्चित करें। कमिश्नर ने जिला पंजीयन विभागों की त्रैमासिक वसूली के लक्ष्य की समीक्षा की और शत-प्रतिशत राजस्व वसूली के लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश दिए। बताया गया कि त्रैमासिक राजस्व वसुली के अंतर्गत रीवा एवं मऊगंज में 91 प्रतिशत, सतना मैहर में 93 प्रतिशत, सीधी में 92 प्रतिशत, सिंगरौली में 247 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त किया गया है। कमिश्नर ने समस्त जिला पंजीयन अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे राजस्व हानी को रोकने के लिए सभी डॉक्यूमेंट की जांच अनिवार्य रूप से करें। सख्ती से कार्रवाई करते हुए पेनाल्टी अधिरोपित करें। पेनाल्टी की राशि भी शासन के हित में प्राथमिकता से वसूल करें। कमिश्नर ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह पेनाल्टी के लिए दिए गए आदेश की जानकारी उपलब्ध कराएं। कमिश्नर ने निर्देश दिए की सभी जिला पंजीयन अधिकारी जिन क्षेत्रों में राजस्व बढ़ाया जा सकता है उसका फॉर्मेट अनिवार्य रूप से बनाएं। समीक्षा बैठक में संयुक्त आयुक्त श्री वीरेंद्र पटेल, सभी जिलों के आबकारी एवं जिला पंजीयन अधिकारी उपस्थित रहे।
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